परिचय
प्रायिकता गणित की वह शाखा है जो किसी घटना के घटित होने की संभावना का अध्ययन करती है। यह हमें यह समझने में मदद करती है कि किसी घटना के होने की कितनी संभावना है।
प्रायिकता की परिभाषा
यदि किसी घटना A के घटित होने की संभावना को P(A) से व्यक्त किया जाए, तो:
0 ≤ P(A) ≤ 1
जहाँ, P(A) = 0 → घटना असंभव है, P(A) = 1 → घटना निश्चित है।
प्रायिकता की गणना
किसी घटना A की प्रायिकता निकालने का सूत्र:
P(A) = (इच्छित परिणामों की संख्या) ÷ (सभी संभव परिणामों की संख्या)
उदाहरण: एक पासा फेंकते समय 3 आने की प्रायिकता = 1/6 क्योंकि पासे में कुल 6 संभव परिणाम हैं और केवल 1 परिणाम 3 है।
प्रमुख अवधारणाएँ
- निश्चित घटना (Certain Event): ऐसी घटना जो हमेशा घटित होती है। उदाहरण: पासा फेंकने पर 1 से 6 के बीच कोई संख्या आना।
- असंभव घटना (Impossible Event): ऐसी घटना जो कभी घटित नहीं होती। उदाहरण: पासा फेंकने पर 7 आना।
- समान संभावना वाली घटना (Equally Likely Event): जब प्रत्येक परिणाम की संभावना समान हो। उदाहरण: सिक्का उछालना – हेड या टेल आना।
प्रायिकता के प्रकार
- सैद्धांतिक प्रायिकता (Theoretical Probability): गणितीय सूत्र के आधार पर।
- प्रयोगात्मक प्रायिकता (Experimental Probability): प्रयोग या सर्वेक्षण के आधार पर।
- सापेक्ष प्रायिकता (Relative Frequency Probability): किसी प्रयोग में घटना घटित होने की बारंबारता से।
साधारण उदाहरण
- सिक्का उछालने पर हेड आने की प्रायिकता = 1/2
- दो पासों को फेंकने पर कुल 7 आने की प्रायिकता = 6/36 = 1/6
- एक बॉक्स में 5 लाल और 3 नीली गेंदें हैं। लाल गेंद निकालने की प्रायिकता = 5/8
प्रायिकता में प्रयुक्त चार्ट / चित्र
नीचे कुछ placeholders दिए गए हैं, जिन्हें आप WordPress या Elementor में image/diagram के रूप में डाल सकते हैं:
- सिक्का और पासा चार्ट: [Coin & Dice Probability Chart Placeholder]
- गेंदों की संख्या और रंग का चार्ट: [Balls Probability Chart Placeholder]
- सिक्का उछालने का tree diagram: [Coin Toss Tree Diagram Placeholder]
दैनिक जीवन में उपयोग
- खेलों में जीतने की संभावना जानने के लिए
- वित्तीय निवेश में जोखिम और लाभ का अनुमान लगाने के लिए
- मौसम पूर्वानुमान और प्राकृतिक घटनाओं का विश्लेषण
- बीमा कंपनियों में प्रीमियम निर्धारित करने के लिए
सारांश
प्रायिकता हमें किसी घटना के घटित होने की संभावना समझने में मदद करती है। यह जीवन के अनेक क्षेत्रों में निर्णय लेने और पूर्वानुमान लगाने में उपयोगी है।